नई दिल्ली: केंद्र सरकार के डिजिटल इंडिया विजन और जीवन को सुगम बनाने की प्रतिबद्धता के तहत, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने देश भर के 121 टोल प्लाजों पर ऑनलाइन फास्टैग लोकल पास सुविधा का विस्तार कर दिया है। इस ऑनलाइन व्यवस्था के शुरू होने से अब यात्रियों को लोकल पास बनवाने के लिए टोल प्लाजा पर लंबी कतारों में लगने या भौतिक दस्तावेज जमा करने की कोई आवश्यकता नहीं होगी, बल्कि वे घर बैठे राजमार्गयात्रा मोबाइल ऐप के माध्यम से मासिक लोकल पास ऑनलाइन बुक कर सकेंगे।
डिजिटल लोकल पास की मुख्य विशेषताएँ और पात्रता
- किसे मिलेगा लाभ: टोल प्लाजा के 20 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोग इस योजना के तहत आवेदन करने के पात्र हैं। पात्र यात्रियों को संबंधित टोल प्लाजा से महीने भर में असीमित यात्रा (Unlimited Travel) करने की सुविधा मिलती है।
- सफल शुरुआत: इस व्यवस्था का पहला डिजिटल लोकल पास जुलाई 2026 में दिल्ली के अर्बन एक्सटेंशन रोड-II पर स्थित मुंडका-बक्करवाला टोल प्लाजा पर शुरू किया गया था। इसकी सफलता के बाद अब इसे देश के 120 से अधिक टोल प्लाजा पर लागू कर दिया गया है, जिसे आने वाले महीनों में अन्य टोल प्लाजा पर भी बढ़ाया जाएगा।
- टोल प्लाजा की विस्तृत सूची देखने के लिए उपयोगकर्ता आधिकारिक लिंक
[https://rajmargyatra.nhai.gov.in/buy-fastag-local-pass](https://rajmargyatra.nhai.gov.in/buy-fastag-local-pass)पर जा सकते हैं।
कैसे काम करती है यह तकनीक?
यह पूरी डिजिटल लोकल पास सुविधा डिजीलॉकर (DigiLocker) और वाहन (Vahan) जैसे प्रमुख सरकारी डिजिटल प्लेटफॉर्मों के साथ सहमति-आधारित (consent-based) एकीकरण पर काम करती है:
- इसके जरिए आवेदक के आवासीय पते, वाहन के विवरण और लिंक किए गए फास्टैग की जानकारी सुरक्षित रूप से प्राप्त व सत्यापित की जाती है।
- आवेदक का पता पात्र टोल प्लाजा के 20 किलोमीटर के दायरे में है या नहीं, इसकी पुष्टि भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) के माध्यम से की जाती है।
- इस पूरी प्रक्रिया से हस्तचालित (manual) दस्तावेज़ीकरण और फिजिकल वेरिफिकेशन का झंझट पूरी तरह खत्म हो गया है, जिससे पात्रता निर्धारण में पारदर्शिता और सटीकता सुनिश्चित होती है।
