राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को विधानसभा में वित्त एवं विनियोग विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए प्रदेशवासियों के लिए सौगातों की झड़ी लगा दी है। युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री ने आगामी वर्ष में 1 लाख 25 हजार पदों पर नई सरकारी भर्तियों का कैलेंडर जारी करने की ऐतिहासिक घोषणा की है। इसके साथ ही, युवाओं के कौशल विकास और उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर का तकनीकी प्रशिक्षण प्रदान करने के उद्देश्य से राजधानी जयपुर में 450 करोड़ रुपये की भारी लागत से ‘अटल बिहारी वाजपेयी ग्लोबल सेंटर फॉर एडवांस्ड स्किलिंग’ स्थापित करने का अहम फैसला लिया गया है, जो प्रदेश के युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्रदान करेगा।
विरासत संरक्षण के तहत बदले शहरों के नाम और किसानों को बड़ी राहत
प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के प्रति अपनी दृढ़ प्रतिबद्धता जाहिर करते हुए मुख्यमंत्री ने तीन प्रमुख स्थानों के नाम बदलने का बड़ा ऐलान किया है। अब पर्यटन स्थल माउंट आबू को ‘आबू राज’, जहाजपुर को ‘यज्ञपुर’ और कामां को ‘काम वन’ के नए ऐतिहासिक नामों से जाना जाएगा। इसके अलावा, किसानों से किए गए संकल्प पत्र के वादे को पूरा करते हुए राज्य सरकार ने गेहूं की न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद में 150 रुपये का अतिरिक्त बोनस देने की घोषणा की है, जिससे अब प्रदेश में गेहूं की खरीद 2,735 रुपये प्रति क्विंटल की दर से होगी। साथ ही, धनिए पर मंडी शुल्क और आढ़त में भारी कटौती की गई है और प्रतापगढ़ एवं बांसवाड़ा में 50-50 हजार लीटर के नए डेयरी प्लांट लगाने के साथ ही ‘गोसेवा नीति-2026’ लागू करने की भी अहम घोषणा हुई है।
पेंशन और मानदेय में बंपर बढ़ोतरी, पत्रकारों व विधायकों को भी तोहफा
सामाजिक सुरक्षा के मोर्चे पर बड़ा और संवेदनशील फैसला लेते हुए राज्य सरकार ने प्रदेश की पेंशन राशि में 150 रुपये की एकमुश्त वृद्धि की है, जिसके बाद अब सभी लाभार्थियों को 1,450 रुपये प्रतिमाह सामाजिक सुरक्षा पेंशन मिलेगी। इसके साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं, मिड-डे मील कुक और पंचायतीराज व नगर निकाय के जनप्रतिनिधियों के मानदेय में 10 प्रतिशत की सीधी बढ़ोतरी की गई है। साठ वर्ष से अधिक आयु के अधिस्वीकृत पत्रकारों की सम्मान राशि बढ़ाकर 18 हजार रुपये और दिवंगत पत्रकारों की पत्नियों के लिए 9 हजार रुपये प्रतिमाह कर दी गई है। पत्रकारों के लिए जयपुर में राजस्थान आवासन मंडल के जरिए एक विशेष आवासीय योजना भी लाई जाएगी। वहीं, विधायकों के वेतन में आगामी वित्तीय वर्ष से महंगाई भत्ते के अनुसार स्वतः बढ़ोतरी होगी और क्षेत्र के विकास कार्यों की मॉनिटरिंग के लिए सभी विधायकों को एक-एक नया मोबाइल टैबलेट भी दिया जाएगा।
जयपुर मेट्रो, एलिवेटेड रोड और शिक्षा-स्वास्थ्य इन्फ्रास्ट्रक्चर को भारी बजट
राजधानी जयपुर के बुनियादी ढांचे को नई रफ्तार देने के लिए जयपुर मेट्रो के द्वितीय चरण के तहत 42.80 किलोमीटर लंबी लाइन के लिए 13,600 करोड़ रुपये के कार्य जल्द शुरू करने की मंजूरी दे दी गई है। शहर की लाइफलाइन मानी जाने वाली द्रव्यवती नदी पर 36 किलोमीटर लंबी एक विशाल एलिवेटेड रोड की विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने का भी ऐलान हुआ है। शिक्षा के क्षेत्र में स्कूलों को सुदृढ़ करने के लिए 2,000 करोड़ रुपये का ‘विद्यालय आधारभूत संरचना कोष’ बनेगा और पूरे प्रदेश में एक हजार नए ‘अटल ज्ञान केन्द्र’ स्थापित किए जाएंगे। चिकित्सा क्षेत्र में आधारभूत ढांचे के विस्तार के लिए 1500 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बजट दिया गया है, जिसके तहत 25 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिर खुलेंगे और 15 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) में क्रमोन्नत किया जाएगा।
आदिवासी कल्याण, पुलिस बल का आधुनिकीकरण और एआई मिशन
जनजाति क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए 8 लाख 50 हजार आदिवासी कृषकों को 85 करोड़ रुपये की लागत से निःशुल्क संकर मक्का बीज मिनीकिट बांटे जाएंगे और 5 हजार स्थानीय युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। प्रदेश की कानून व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए पुलिस पेट्रोलिंग हेतु 1,250 नए वाहन और 2,500 अतिरिक्त जवानों की तैनाती चरणबद्ध तरीके से की जाएगी। महत्वपूर्ण भवनों और संस्थानों की सुरक्षा के लिए सीआईएसएफ की तर्ज पर ‘राज्य विशेष पुलिस बल’ का गठन होगा। इसके अलावा, तकनीकी क्षेत्र में राजस्थान को सिरमौर बनाने के लिए ‘ऑरेंज इकोनॉमी इंसेंटिव स्कीम’ लाई जाएगी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) व मशीन लर्निंग को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष ‘एआई एवं क्वांटम कम्प्यूटिंग मिशन’ भी प्रारंभ किया जाएगा।
