जयपुर: गुलाबी नगरी के आसमान में अपने करतबों से रोमांच भरने से पहले भारतीय वायुसेना के जांबाजों ने जमीन पर उतरकर युवाओं के दिलों में राष्ट्रभक्ति का जोश भरा। गुरुवार को एचसीएम रीपा (HCM RIPA) के भगवत सिंह मेहता सभागार में एक विशेष संवाद कार्यक्रम आयोजित हुआ, जहाँ वायुसेना की विश्व प्रसिद्ध ‘सूर्यकिरण एरोबैटिक टीम’ और ‘सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम’ के सदस्य छात्रों से रूबरू हुए।
अनुशासन और टीमवर्क का पढ़ाया पाठ

इस संवाद सत्र में एनसीसी कैडेट्स, विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राएं और मूक-बधिर विद्यार्थी शामिल हुए। वायुसेना के अधिकारियों ने इन युवाओं को राष्ट्र सेवा, अनुशासन और उत्कृष्टता के महत्व के बारे में बताया। उन्होंने वायुसेना में करियर के अवसरों, कठोर प्रशिक्षण और टीमवर्क की अहमियत पर प्रकाश डाला। अपने हीरो पायलटों को अपने बीच पाकर विद्यार्थी रोमांचित हो उठे।
जल महल पर होगा ऐतिहासिक शो
पायलटों ने 20 और 22 फरवरी को जल महल की पाल पर होने वाले भव्य एयर शो को लेकर भी जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि यह एयर शो जयपुरवासियों के लिए भारतीय वायुसेना के साहस, सटीकता और अनुशासन को सजीव देखने का एक यादगार क्षण होगा।
जयपुर के तीन लाल भी टीम में शामिल

सूर्यकिरण टीम के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि इसमें जयपुर का विशेष कनेक्शन है। टीम के तीन पायलट—विंग कमांडर राजेश काजला, विंग कमांडर अंकित वशिष्ठ और स्क्वाड्रन लीडर संजेश सिंह—जयपुर से ही ताल्लुक रखते हैं, जो शहर के लिए गर्व की बात है।
आत्मनिर्भर भारत की झलक: स्वदेशी स्मोक पॉड्स
टीम लीडर ग्रुप कैप्टन अजय दसरथी के नेतृत्व वाली सूर्यकिरण टीम एशिया की एकमात्र नौ-विमान एरोबैटिक टीम है, जो Hawk Mk-132 विमान उड़ाती है। खास बात यह है कि हाल ही में विमानों में नासिक में विकसित स्वदेशी स्मोक पॉड्स लगाए गए हैं, जिससे आसमान में तिरंगे की छटा बिखेरी जाएगी। यह ‘आत्मनिर्भर भारत’ की भावना का प्रतीक है।
सारंग टीम दिखाएगी ‘ध्रुव’ की ताकत

वहीं, सारंग हेलिकॉप्टर डिस्प्ले टीम हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) द्वारा निर्मित स्वदेशी ‘ध्रुव’ हेलिकॉप्टरों के साथ प्रदर्शन करेगी। यह टीम दुनिया भर में 1200 से ज्यादा प्रदर्शन कर चुकी है। 22 फरवरी को जलमहल के ऊपर पांच हेलिकॉप्टरों का सामूहिक प्रदर्शन देखने लायक हो
