RUHS में बड़ी लापरवाही: पैर दिखाने गए युवक को डॉक्टरों ने बताई किडनी फेल, प्राइवेट लैब में जांच कराई तो उड़ गए होश

Desk

जयपुर के राजस्थान यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ एंड साइंसेज (RUHS) हॉस्पिटल की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है, जहां अस्पताल की गलत जांच रिपोर्ट ने एक मरीज और उसके परिवार की मुश्किलें बढ़ा दीं। पैर के दर्द का इलाज कराने पहुंचे 25 वर्षीय युवक सचिन को अस्पताल की ब्लड रिपोर्ट में किडनी फेल बता दिया गया, लेकिन जब उसने बाहर की किसी प्राइवेट लैब से दोबारा जांच करवाई तो रिपोर्ट बिल्कुल नॉर्मल आई।

पैर के इलाज के दौरान हुआ खुलासा

जयपुर के रहने वाले 25 साल के युवक सचिन पिछले महीने पैर में दर्द की शिकायत लेकर RUHS हॉस्पिटल पहुंचे थे। उन्होंने वहां हड्डी रोग (ऑर्थोपेडिक्स) के डॉक्टर को दिखाया, जिन्होंने उन्हें कुछ ब्लड टेस्ट करवाने की सलाह दी। अगले दिन जब रिपोर्ट आई और डॉक्टर को दिखाई गई, तो उसमें सीरम क्रिटिनाइन का लेवल 9.50 से ज्यादा निकला। इस रिपोर्ट को देखकर डॉक्टर ने युवक को किडनी फेल होने की आशंका जताई और तुरंत किसी किडनी रोग विशेषज्ञ से इलाज कराने की सलाह दी।

घबराहट के बाद प्राइवेट लैब में करवाई जांच

- Advertisement -

अचानक किडनी खराब होने और फेल होने की बात सामने आने पर युवक और उसके परिजनों के होश उड़ गए। सचिन ने बताया कि इस झटके से उनके दिल की धड़कनें तेज हो गईं और भारी घबराहट होने लगी। इसके बाद वे अगले दिन दूसरे डॉक्टर के पास पहुंचे। लक्षणों और स्थिति को देखने के बाद दूसरे डॉक्टर ने उन्हें सामान्य बताया और एक बार फिर से ब्लड टेस्ट करवाने को कहा।

जब यह जांच किसी प्राइवेट लैब से दोबारा करवाई गई, तो सीरम क्रिटिनाइन का स्तर 1 से भी कम आया। डॉक्टर ने इस नई रिपोर्ट को देखने के बाद सब कुछ सामान्य बताया और किसी भी तरह की दवाइयां न खाने की सलाह दी, जिससे परिवार ने राहत की सांस ली। सरकारी अस्पताल की इस तरह की गंभीर लापरवाही ने अब स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

Live Sach – तेज़, भरोसेमंद हिंदी समाचार। राजनीति, राजस्थान से ब्रेकिंग न्यूज़, मनोरंजन, खेल और भारत की हर बड़ी खबर!

Share This Article