जयपुर: राजस्थान में निजी स्कूलों की मान्यता प्रक्रिया को लेकर शिक्षा विभाग ने बड़ा बदलाव किया है। अब प्रदेश में निजी स्कूलों को केवल 22 दिनों के भीतर मान्यता मिल जाएगी, जिसके लिए ऑनलाइन आवेदन आगामी 31 जुलाई से शुरू हो रहे हैं। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने शिक्षा संकुल में हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को मान्यता प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी, सरल और समयबद्ध बनाने के निर्देश दिए हैं।
तय समय-सीमा में पूरी होगी जांच प्रक्रिया
शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया है कि मान्यता के लिए आने वाले आवेदनों की जांच के लिए गठित समिति को 7 दिन के भीतर अपनी रिपोर्ट पेश करनी होगी। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी 15 दिन के भीतर इस रिपोर्ट का परीक्षण कर अंतिम निर्णय के लिए निदेशक स्तर पर भेजेंगे। यदि कोई जांच अधिकारी इसमें अनावश्यक देरी करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बच्चों की सुरक्षा और नियमों की अनदेखी पर होगी कार्रवाई
बैठक में विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कई कड़े निर्देश दिए गए हैं:
- परिसर के भीतर वाहन: स्कूलों को यह सुनिश्चित करना होगा कि बच्चों को स्कूल परिसर के बाहर वाहन से न उतारकर सुरक्षित रूप से अंदर ही उतारा जाए।
- डमी स्टूडेंट्स पर नकेल: जिन विद्यालयों में ‘डमी विद्यार्थियों’ की प्रवृत्ति पाई जाएगी या स्कूल समय में बच्चे कोचिंग संस्थानों में पढ़ते मिलेंगे, उनकी मान्यता रद्द की जा सकती है।
- टीसी (TC) रोकने पर रोक: शिक्षा मंत्री ने सख्त निर्देश दिए हैं कि फीस बकाया होने के कारण किसी भी छात्र का ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टीसी) या अन्य शैक्षणिक दस्तावेज नहीं रोके जाएं।
- मानकों का पालन: निर्धारित नियमों और मानकों का पालन न करने वाले और बिना मान्यता के संचालित होने वाले स्कूलों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।