जयपुर: राजस्थान कृषि विभाग ने राज्य में कृषि सेवाओं के सुचारू संचालन और प्रशासनिक दक्षता को बढ़ाने के लिए एक व्यापक स्थानांतरण सूची जारी की है। कृषि आयुक्तालय द्वारा 10 जुलाई 2026 को जारी आदेश के अनुसार, राज्य भर के 1135 वरिष्ठ कृषि पर्यवेक्षकों और कृषि पर्यवेक्षकों को जनहित में नई जिम्मेदारी सौंपी गई है।
स्थानांतरण के मुख्य बिंदु
विभाग द्वारा जारी की गई 50 पन्नों की इस विस्तृत सूची में पूरे राजस्थान के जिलों को शामिल किया गया है। अधिकारियों को उनके वर्तमान पदस्थापन मुख्यालय से हटाकर नवीन स्थानों पर पदस्थापित किया गया है।
- तत्काल प्रभाव: स्थानांतरित कार्मिकों को तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त होकर नए पद पर उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं।
- विशेष शर्तें: यदि कोई कार्मिक परिवीक्षाधीन (प्रोबेशन) है, तो उसे अपना परिवीक्षाकाल पूरा होने के बाद ही कार्यमुक्त किया जाएगा। साथ ही, टीएसपी (TSP) और नॉन-टीएसपी (Non-TSP) क्षेत्रों के बीच स्थानांतरण के मामलों में विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
विभागीय निर्देश और प्रशासनिक कार्यवाही
कृषि आयुक्तालय ने स्पष्ट किया है कि जिन अधिकारियों का स्थानांतरण किया गया है, वे अपने नवीन पदस्थापन स्थान पर कार्यभार ग्रहण करना सुनिश्चित करें। आदेश में यह भी कहा गया है कि यदि कोई कार्मिक इन निर्देशों की अवहेलना करता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने संबंधित कार्यालयाध्यक्षों को यह जिम्मेदारी दी है कि वे कार्यग्रहण रिपोर्ट कृषि आयुक्तालय को भिजवाना सुनिश्चित करें।
पारदर्शिता और कार्यकुशलता पर जोर
यह बड़ा फेरबदल कृषि विभाग की कार्यप्रणाली को और अधिक पारदर्शी बनाने और किसानों को समय पर कृषि सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया गया है। विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि इस प्रशासनिक बदलाव से कृषि पर्यवेक्षक अपने नए कार्यक्षेत्रों में बेहतर सेवाएं दे पाएंगे, जिससे आगामी कृषि सत्रों में किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन और अन्य सुविधाओं का लाभ सुगमता से मिल सकेगा।