नई दिल्ली। जून महीने की शुरुआत के साथ देशभर में कई महत्वपूर्ण वित्तीय, बैंकिंग और उपभोक्ता नियमों में बदलाव लागू हो गए हैं। इन बदलावों का सीधा असर आम लोगों की जेब, दैनिक खर्च और आर्थिक योजनाओं पर पड़ने वाला है। एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी से लेकर ATM नियम, PAN कार्ड, UPI भुगतान व्यवस्था और कारों की कीमतों तक कई बड़े बदलाव 1 जून से प्रभावी हो गए हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि इन नए नियमों का असर घरेलू बजट पर दिखाई देगा और उपभोक्ताओं को नई व्यवस्थाओं के अनुसार अपनी वित्तीय योजना बनानी होगी।
LPG सिलेंडर हुआ महंगा
तेल विपणन कंपनियों ने 1 जून से कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी की है। 19 किलो वाले व्यावसायिक सिलेंडर के दाम कई शहरों में बढ़ाए गए हैं। इसके साथ ही 5 किलो वाले छोटे सिलेंडर की कीमतों में भी वृद्धि दर्ज की गई है। हालांकि घरेलू 14.2 किलो LPG सिलेंडर की कीमतों में फिलहाल कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है।
PNG कनेक्शन वालों के लिए नया नियम
पेट्रोलियम मंत्रालय ने LPG और PNG कनेक्शन को लेकर नया प्रावधान लागू किया है। अब जिन उपभोक्ताओं को पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन मिल चुका है, उन्हें 30 दिनों के भीतर अपना LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा।
हालांकि गैस कंपनियों ने उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए ट्रांसफर वाउचर व्यवस्था शुरू की है, जिसके जरिए भविष्य में PNG सुविधा न होने वाले क्षेत्र में शिफ्ट होने पर LPG कनेक्शन दोबारा प्राप्त किया जा सकेगा।
UPI ट्रांजैक्शन में बढ़ेगी सुरक्षा
NPCI ने UPI भुगतान प्रणाली में सुरक्षा बढ़ाने के लिए नया बदलाव लागू किया है। अब किसी को भुगतान करने से पहले स्क्रीन पर लाभार्थी का बैंक में दर्ज वास्तविक नाम दिखाई देगा। इससे फर्जी नामों के जरिए होने वाली धोखाधड़ी को रोकने में मदद मिलेगी और गलत खाते में पैसा भेजने की संभावना कम होगी।
ATM और बैंकिंग नियमों में बदलाव
कई बैंकों ने ATM लेनदेन, मुफ्त ट्रांजैक्शन लिमिट और नकद निकासी नियमों में बदलाव किए हैं। कुछ बैंकों ने दैनिक कैश विड्रॉल लिमिट में संशोधन किया है, जबकि कुछ बैंक मुफ्त ATM ट्रांजैक्शन सीमा पूरी होने के बाद अतिरिक्त शुल्क वसूलेंगे।
इसके अलावा कुछ बैंकों ने नकद जमा करने से जुड़े नियम भी बदले हैं। छोटे नोटों और सिक्कों की जमा सीमा निर्धारित की गई है, जिसके बाद अतिरिक्त शुल्क लगाया जा सकता है।
PAN कार्ड नियमों में बड़ा बदलाव
आयकर और वित्तीय लेनदेन से जुड़े PAN नियमों में भी बदलाव लागू हुए हैं। अब एक दिन में 50 हजार रुपये से अधिक नकद जमा करने के लिए PAN देना अनिवार्य नहीं रहेगा।
वहीं संपत्ति खरीद-बिक्री में PAN की सीमा 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 20 लाख रुपये कर दी गई है। हालांकि बड़े प्रॉपर्टी ट्रांजैक्शन, गिफ्ट डीड और अन्य उच्च मूल्य के वित्तीय सौदों में PAN अनिवार्य रहेगा।
कार खरीदना हुआ महंगा
देश की प्रमुख वाहन निर्माता कंपनियों ने जून से अपने वाहनों की कीमतों में बढ़ोतरी लागू कर दी है। मारुति सुजुकी ने विभिन्न मॉडलों की कीमतों में अधिकतम 30 हजार रुपये तक की वृद्धि की घोषणा की है।
इसके अलावा हुंडई मोटर इंडिया ने भी अपनी कारों की कीमतों में 12,800 रुपये तक का इजाफा किया है। कंपनियों का कहना है कि उत्पादन लागत और इनपुट खर्च बढ़ने के कारण यह निर्णय लिया गया है।
सोलर पैनल परियोजनाओं के लिए नए नियम
सरकार ने 1 जून से ALMM (Approved List of Models and Manufacturers) से जुड़े नए नियम लागू कर दिए हैं। अब सरकारी योजनाओं, सब्सिडी आधारित परियोजनाओं और नेट-मीटरिंग प्रोजेक्ट्स में केवल सरकार द्वारा अनुमोदित सोलर मॉड्यूल और सेल का उपयोग किया जा सकेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इससे गुणवत्ता में सुधार होगा, लेकिन शुरुआती लागत बढ़ सकती है।
रेलवे और यात्रा सेवाओं पर भी असर
रेलवे द्वारा कई रूटों पर ट्रैक अपग्रेडेशन और रखरखाव कार्य के चलते दर्जनों ट्रेनों को रद्द या डायवर्ट किया गया है। इसका असर कई राज्यों के यात्रियों पर पड़ सकता है। वहीं कुछ एयरलाइंस ने भी उड़ानों की संख्या में कटौती की है, जिससे हवाई किरायों पर प्रभाव पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
आम लोगों पर क्या होगा असर?
जून से लागू हुए इन नियमों का सबसे अधिक असर घरेलू बजट, परिवहन खर्च, गैस उपभोग, बैंकिंग सेवाओं और डिजिटल भुगतान प्रणाली पर दिखाई देगा। विशेषज्ञों का कहना है कि उपभोक्ताओं को नए नियमों की जानकारी रखना जरूरी है ताकि वे अतिरिक्त शुल्क, जुर्माना या असुविधा से बच सकें।