राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) द्वारा आयोजित होने वाली सब इंस्पेक्टर (SI)/प्लाटून कमांडर भर्ती-2025 परीक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को एक बड़ा और संतुलित फैसला सुनाया है। कोर्ट ने परीक्षा पर रोक लगाने या उसे स्थगित करने से तो साफ इनकार कर दिया है, लेकिन आयु सीमा में छूट की मांग कर रहे साल 2021 की भर्ती के अभ्यर्थियों को परीक्षा में शामिल होने की अंतरिम राहत प्रदान कर दी है।
सुप्रीम कोर्ट का आदेश: क्या है ‘प्रोविजनल’ राहत?
जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की बेंच ने मामले की सुनवाई करते हुए निर्देश दिए कि:
- परीक्षा में भागीदारी: SI भर्ती-2021 के सभी पात्र अभ्यर्थियों को 5 और 6 अप्रैल 2026 को होने वाली परीक्षा में बैठने दिया जाए।
- अस्थायी प्रवेश: यह भागीदारी पूरी तरह से ‘प्रोविजनल’ (अस्थायी) होगी, जो भविष्य के अदालती फैसलों के अधीन रहेगी।
- परिणाम का पेंच: इन अभ्यर्थियों का परीक्षा परिणाम घोषित नहीं किया जाएगा, बल्कि उसे सीलबंद लिफाफे में रखा जाएगा।
क्यों टली नहीं परीक्षा?
याचिकाकर्ता सूरजमल मीणा की ओर से परीक्षा को 4 सप्ताह टालने की मांग की गई थी। हालांकि, राजस्थान सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता (AAG) शिव मंगल शर्मा ने इसका पुरजोर विरोध किया। उन्होंने दलील दी कि:
- परीक्षा की सभी प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्थाएं पूरी हो चुकी हैं।
- हजारों अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों के लिए निकल चुके हैं।
- अंतिम समय में परीक्षा रद्द करने से भारी अव्यवस्था फैलेगी और जनहित पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।सुप्रीम कोर्ट ने सरकार की इस दलील को मानते हुए परीक्षा टालने से मना कर दिया।
हाईकोर्ट की लेटलतीफी पर तल्ख टिप्पणी
अभ्यर्थियों के वकीलों (पीबी सुरेश और हरेन्द्र नील) ने कोर्ट को बताया कि सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेश के बावजूद राजस्थान हाईकोर्ट की खंडपीठ ने 31 मार्च तक आयु सीमा पर फैसला नहीं सुनाया। फैसला 19 जनवरी से सुरक्षित है। कोर्ट ने माना कि यदि परीक्षा हो जाती और अभ्यर्थियों को बैठने नहीं दिया जाता, तो हाईकोर्ट का भविष्य में आने वाला फैसला बेअसर हो जाता। इसी ‘न्याय के सिद्धांत’ को बचाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने अभ्यर्थियों को राहत दी।
विवाद की जड़: 2021 भर्ती का साया
यह पूरा मामला साल 2021 की एसआई भर्ती से जुड़ा है, जिसे पेपर लीक के कारण एकलपीठ ने रद्द कर दिया था, लेकिन खंडपीठ ने स्टे दे दिया था। इस खींचतान में जो अभ्यर्थी ओवरएज हो गए, वे 2025 की भर्ती में छूट की मांग कर रहे हैं।
V. मुख्य बिंदु: कोर्ट के फैसले का सार
| बिंदु | स्थिति |
| परीक्षा की तारीख | 5 और 6 अप्रैल 2026 (यथावत) |
| किसे मिली राहत? | 2021 भर्ती के वे अभ्यर्थी जो आयु सीमा में छूट मांग रहे हैं। |
| शर्त | परीक्षा प्रोविजनल होगी, परिणाम सार्वजनिक नहीं होगा। |
| अगला कदम | हाईकोर्ट के अंतिम फैसले का इंतज़ार। |