Tree Protection Act Rajasthan: राजस्थान में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने एक बेहद सख्त और ऐतिहासिक फैसला लिया है। प्रदेश में अब बिना अनुमति के पेड़ काटना एक गंभीर अपराध माना जाएगा। कैबिनेट में मंजूर किए गए ‘ट्री राजस्थान प्रोटेक्शन एक्ट’ के तहत अब कोई भी व्यक्ति अपनी मर्जी से पेड़ों की कटाई नहीं कर सकेगा। सरकार का यह कदम प्रदेश में लगातार घटते वन क्षेत्र को बचाने और पर्यावरण को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से उठाया गया है।
नए कानून के प्रावधानों के अनुसार, राजस्थान में कल्प वृक्ष माने जाने वाले खेजड़ी और राज्य वृक्ष रोहिड़ा सहित कुल 29 प्रकार के पेड़ों को काटने पर सख्त प्रतिबंध लगा दिया गया है। अगर कोई भी व्यक्ति बिना संबंधित विभाग की अनुमति के इन पेड़ों को काटता हुआ पाया गया, तो उस पर एक लाख रुपये का भारी जुर्माना लगाया जाएगा। इसके साथ ही दोषी को एक साल की जेल की सजा का भी कड़ा प्रावधान किया गया है। यह नियम व्यक्तिगत भूमि (500 मीटर तक छोड़कर) पर भी पूरी तरह लागू होगा, जिससे पेड़ों की अवैध कटाई पर प्रभावी रोक लग सकेगी।
सरकार ने विशेष परिस्थितियों के लिए भी नियम स्पष्ट किए हैं। यदि किसी विकास कार्य, निर्माण या अन्य किसी अत्यंत जरूरी कारण से पेड़ काटना अनिवार्य हो जाता है, तो इसके लिए सक्षम अधिकारी से पूर्व अनुमति लेनी होगी। अनुमति मिलने पर यह अनिवार्य शर्त होगी कि काटे गए पेड़ों की तुलना में 10 प्रतिशत ज्यादा नए पेड़ लगाने होंगे। यदि कोई व्यक्ति या संस्था नए पेड़ लगाने में असमर्थता जताती है, तो उसे पौधारोपण और उसके रखरखाव के लिए सरकार के पास एक निश्चित राशि जमा करानी होगी। इस राशि का उपयोग कर सरकार खुद उस इलाके में पौधारोपण करवाएगी।
Tags
Rajasthan News, Tree Protection Act, Bhajanlal Sharma, Khejri Tree, Rohida Tree, Environment Protection, Rajasthan Government, Hindi News, Jaipur News, Tree Cutting Penalty